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National Herald Case: अब क्या होगा राहुल-सोनिया का फंस गए दोनों हो गई नई एफआईआर

National Herald Case: नेशनल हेराल्ड केस एक बार फिर सियासी हलचल का केंद्र बन गया है। दिल्ली पुलिस की आर्थिक अपराध शाखा (EOW) ने कांग्रेस की पूर्व अध्यक्ष सोनिया गांधी और राहुल गांधी सहित कुल नौ आरोपियों के खिलाफ नई FIR दर्ज कर ली है। FIR में आपराधिक साजिश, धोखाधड़ी, जालसाजी और विश्वासघात जैसे गंभीर आरोप शामिल हैं। यह FIR ईडी (ED) द्वारा 3 अक्टूबर 2025 को दर्ज की गई शिकायत पर आधारित है, जिसमें PMLA की धारा 66(2) के तहत अनुसूचित अपराध दर्ज करने का निर्देश दिया गया था FIR संख्या 0124/2025 में 6 व्यक्तियों और 3 कंपनियों पर मामला दर्ज किया गया है—जिनमें Young Indian Pvt. Ltd., Associated Journals Ltd. (AJL) और Dotex Merchandise Pvt. Ltd. शामिल हैं।

नेशनल हेराल्ड मामले ने एक बार फिर राजनीतिक हलचल मचा दी है। दिल्ली पुलिस की आर्थिक अपराध शाखा (ईओडब्ल्यू) ने कांग्रेस की वरिष्ठ नेता सोनिया गांधी और उनके बेटे राहुल गांधी के खिलाफ नई एफआईआर दर्ज कर ली है। इसमें आपराधिक साजिश, धोखाधड़ी और विश्वासघात जैसे गंभीर आरोप लगाए गए हैं। एफआईआर संख्या 0124/2025 के तहत कुल नौ आरोपी बनाए गए हैं, जिनमें छह व्यक्ति और तीन कंपनियां शामिल हैं। यह कार्रवाई प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) की 3 अक्टूबर 2025 की शिकायत पर आधारित है, जिसमें पीएमएलए की धारा 66(2) के तहत अनुसूचित अपराध दर्ज करने का निर्देश दिया गया था। कांग्रेस से जुड़ी एसोसिएटेड जर्नल्स लिमिटेड (एजेएल) कंपनी की लगभग 2,000 करोड़ रुपए कीमत वाली संपत्तियों पर धोखाधड़ी से कब्जा करने की साजिश रची गई।

एजेएल नेशनल हेराल्ड अखबार की प्रकाशक कंपनी है, जो 2008 में वित्तीय संकट के कारण बंद हो गया था। उस समय एजेएल पर अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी (एआईसीसी) का 90.21 करोड़ रुपए का ब्याज रहित ऋण बकाया था। आरोप है कि 2010 में गठित यंग इंडियन प्राइवेट लिमिटेड नामक कंपनी के जरिए इस ऋण को मात्र 50 लाख रुपए में खरीद लिया गया। यंग इंडियन में सोनिया गांधी और राहुल गांधी के पास संयुक्त रूप से 76 प्रतिशत शेयर हैं, जिससे वे इसकी लाभार्थी मालिक बने।

ईडी की जांच रिपोर्ट में विस्तार से बताया गया है कि यंग इंडियन को ‘स्पेशल पर्पस व्हीकल’ के रूप में बनाया गया, जो सार्वजनिक धन को निजी हितों में बदलने का माध्यम बना। एजेएल ने अपना बकाया ऋण 10 रुपए अंक मूल्य वाले 9.02 करोड़ इक्विटी शेयरों में बदल दिया, जिससे एआईसीसी के दानदाताओं और शेयरधारकों को ठगा गया। इसके अलावा कोलकाता की कथित शेल कंपनी डॉटेक्स मर्चेंडाइज प्राइवेट लिमिटेड ने यंग इंडियन को 1 करोड़ रुपए का हस्तांतरण किया, जो साजिश का हिस्सा माना जा रहा है।

ईडी ने 9 अप्रैल 2025 को राऊज एवेन्यू कोर्ट में अभियोजन शिकायत दायर की थी, जिसमें धारा 3 और 4 के तहत धन शोधन का आरोप लगाया गया। अदालत ने अभी संज्ञान लेने पर फैसला सुरक्षित रखा है। एफआईआर में सोनिया गांधी, राहुल गांधी, सुमन दुबे, सैम पित्रोदा और सुनील भंडारी को आरोपी बनाया गया है। इसके अलावा तीन कंपनियों- यंग इंडियन, डॉटेक्स मर्चेंडाइज प्राइवेट लिमिटेड और एसोसिएटेड जर्नल्स लिमिटेड के खिलाफ भी एफआईआर दर्ज की गई है। इसके अलावा पूर्व कांग्रेस नेता मोतीलाल वोहरा और ऑस्कर फर्नांडिस का नाम भी जांच में आया था, लेकिन उनकी मृत्यु के कारण वे अब आरोपी नहीं हैं।

क्या है पूरा नेशनल हेराल्ड मामला? — पृष्ठभूमि से लेकर नई FIR तक पूरा अपडेट

1. AJL और नेशनल हेराल्ड की शुरुआत

  • Associated Journals Limited (AJL) वह कंपनी है जिसने नेशनल हेराल्ड, नवजीवन, और कौमी आवाज़ जैसे अखबार प्रकाशित किए।

  • 2008 में आर्थिक संकट के कारण AJL को अखबार बंद करना पड़ा।

  • उस समय AJL पर कांग्रेस का ₹90.21 करोड़ का बिना ब्याज वाला ऋण बकाया था।

2. Young Indian कंपनी और विवाद की जड़

  • 2010 में Young Indian Pvt. Ltd. बनाई गई, जिसमें
    सोनिया गांधी और राहुल गांधी के पास कुल 76% शेयर हैं।

  • आरोप है कि AJL का 90 करोड़ का ऋण Young Indian द्वारा मात्र ₹50 लाख में खरीद लिया गया, जिससे YI अप्रत्यक्ष रूप से AJL की ₹2,000 करोड़ से अधिक मूल्य की संपत्तियों पर नियंत्रण कर बैठी।

  • ED के अनुसार, YI को एक Special Purpose Vehicle (SPV) की तरह तैयार किया गया, जिसका उद्देश्य सार्वजनिक संपत्ति को निजी हाथों में लाना था।

3. कैसे हुआ शेयर ट्रांसफर?

  • AJL ने 90.21 करोड़ के कर्ज को 10 रुपए अंकित मूल्य वाले 9.02 करोड़ शेयरों में कन्वर्ट कर दिया।

  • इससे AJL के पुराने शेयरधारकों को कथित रूप से ठगा गया।

  • शेयर हासिल करने के बाद Young Indian कंपनी AJL की मालिक बन गई।

4. कथित शेल कंपनी Dotex की भूमिका

  • कोलकाता की कंपनी Dotex Merchandise Pvt. Ltd. ने Young Indian को ₹1 करोड़ ट्रांसफर किया।

  • ED इसे “साजिश का हिस्सा” और Hawala-style layering बताती है।

 ED की शिकायत और अदालत की कार्यवाही

  • 9 अप्रैल 2025 को ED ने राऊज एवेन्यू कोर्ट में अभियोजन शिकायत दायर की।

  • Sonia Gandhi, Rahul Gandhi, Sam Pitroda, Suman Dubey, Sunil Bhandari सहित कई नाम शामिल।

  • अदालत ने अभी संज्ञान लेने पर फैसला सुरक्षित रखा है।

6. आज की नई FIR (30 नवंबर 2025) — प्रमुख बिंदु

FIR संख्या: 0124/2025

आरोप शामिल:

  • IPC 420 – धोखाधड़ी

  • 406 – आपराधिक विश्वासघात

  • 120B – आपराधिक साजिश

  • 409 – सार्वजनिक धन का आपराधिक दुरुपयोग

  • कंपनी एक्ट और PMLA के प्रावधान

कुल 9 आरोपी:

व्यक्ति

  1. सोनिया गांधी

  2. राहुल गांधी

  3. सैम पित्रोदा

  4. सुमन दुबे

  5. सुनील भंडारी

  6. (अन्य वरिष्ठ कांग्रेसी अधिकारी)

कंपनियाँ

https://x.com/PMishra_Journo/status/1994978388147409015?s=20

  1. Young Indian Pvt. Ltd.

  2. Associated Journals Ltd. (AJL)

  3. Dotex Merchandise Pvt. Ltd.

विशेष तथ्य:

  • ED के 3 अक्टूबर 2025 के निर्देश पर EOW ने FIR दर्ज की।

  • FIR में कहा गया कि संपत्तियों पर कब्जा धोखे और फर्जी लेन-देन से किया गया।

  • मृत नेताओं (Motilal Vora, Oscar Fernandes) के नाम जांच में आए थे—लेकिन FIR में शामिल नहीं किए गए।

7. कांग्रेस का बचाव — “राजनीतिक प्रतिशोध”

  • कांग्रेस का कहना है कि यह मामला “राजनीतिक बदले” का परिणाम है।

  • Young Indian “not-for-profit” है—कोई निजी लाभ नहीं लिया गया।

  • AJL की संपत्ति आज भी AJL के नाम पर ही है—किसी ट्रांसफर या बिक्री का कोई रिकॉर्ड नहीं।

8. मामला अभी किस स्टेज पर है?

  • EOW की नई FIR बड़ी कार्रवाई की शुरुआत मानी जा रही है।

  • ED पहले ही वित्तीय प्रवाह, संपत्ति मूल्यांकन और धन शोधन के एंगल से जांच कर चुकी है।

  • अब केस IPC की आपराधिक धाराओं के तहत भी आगे बढ़ेगा।

  • अदालत ने संज्ञान लेने पर आदेश अभी सुरक्षित रखा हुआ है—अगली सुनवाई महत्वपूर्ण होगी।

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नेशनल हेराल्ड केस अब सिर्फ एक पुराना विवाद नहीं रह गया—नई FIR के बाद यह कानूनी और राजनीतिक दोनों स्तरों पर 2026 की सियासत का बड़ा मुद्दा बन चुका है। Young Indian के गठन, AJL की संपत्तियों के अधिग्रहण और पैसों के प्रवाह की पूरी संरचना अब फिर से जांच के घेरे में आ गई है।

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Author: Tesari Aankh

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