वेब स्टोरी

ई-पेपर

लॉग इन करें

Trump Venezuela secret plan: कैसे गिरफ्त में आया मादुरो

Trump Venezuela secret plan: कैसे चंद हफ्तों में गिरा मादुरो का किला

नई दिल्ली/वॉशिंगटन। यह दृश्य किसी हॉलीवुड थ्रिलर जैसा था—लेकिन यह हकीकत थी। फ्लोरिडा के मार-ए-लागो में परदे से घिरे एक कमरे में स्क्रीन पर निगाहें गड़ाए बैठे राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प, सोशल मीडिया X की लाइव फीड से लेकर सैन्य कैमरों तक, हर मूवमेंट को ऐसे देख रहे थे मानो कोई हाई-स्टेक टीवी शो चल रहा हो। उधर, कैरिबियन की काली रात के ऊपर 100 फीट की ऊँचाई पर अमेरिकी हेलिकॉप्टर फिसलते हुए कराकस की ओर बढ़ रहे थे। कुछ ही घंटों में वेनेज़ुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो—पत्नी के साथ अपने घर में सोते हुए—अमेरिकी डेल्टा फ़ोर्स के हाथों हिरासत में थे।

यह सब अचानक नहीं हुआ। CNN की विस्तृत रिपोर्ट बताती है कि यह कार्रवाई महीनों की गुप्त तैयारी, खुफिया नेटवर्क, सैन्य तैनाती और राजनीतिक दबाव का नाटकीय समापन थी—जिसका अंतिम लक्ष्य शुरू से स्पष्ट था: मादुरो को सत्ता से हटाना

“टीवी देखने जैसा” युद्ध: मार-ए-लागो से कराकस तक

ट्रम्प ने बाद में स्वीकार किया—“यह बिल्कुल टीवी देखने जैसा था।”
व्हाइट हाउस द्वारा जारी तस्वीरों के अनुसार, मार-ए-लागो में राष्ट्रीय सुरक्षा टीम के साथ बैठे ट्रम्प रीयल-टाइम फ़ीड देख रहे थे। क्रिसमस से ठीक पहले उन्होंने अंतिम अनुमति दी, हालांकि मौसम ने ऑपरेशन को कुछ दिनों तक रोक दिया। 10:46 p.m. ET पर, खरीदारी और डिनर के बाद, ट्रम्प ने निर्णायक शब्द कहे—“गुड लक… और गॉडस्पीड।”

कुछ ही समय बाद, अमेरिकी हेलिकॉप्टर कराकस के लिए रवाना हो गए।

महीनों की तैयारी: CIA, पैटर्न-ऑफ़-लाइफ़ और अंदरूनी सूत्र

CNN के अनुसार, तैयारी मिड-डिसंबर से शुरू हुई, लेकिन बीज महीनों पहले बो दिया गया था। अगस्त में CIA की एक छोटी टीम गुप्त रूप से वेनेज़ुएला के भीतर सक्रिय की गई। उद्देश्य था—मादुरो की दिनचर्या, आवाजाही, ठिकाने, भोजन, कपड़े और यहां तक कि पालतू जानवरों तक की जानकारी जुटाना।

ज्वाइंट चीफ्स ऑफ स्टाफ के चेयरमैन जनरल डैन केन ने कहा कि टीम ने “वह सब जान लिया जो ऑपरेशन के लिए जरूरी था।”
इसके साथ ही, वेनेज़ुएला सरकार के भीतर सक्रिय एक CIA स्रोत ने मादुरो की सटीक लोकेशन और मूवमेंट की पुष्टि की—जो ऑपरेशन की सफलता में निर्णायक साबित हुई।

सार्वजनिक बयान बनाम गुप्त मंशा: ‘रेजीम चेंज’ का सवाल

सरकारी मंचों पर महीनों तक कहा जाता रहा कि लक्ष्य रेजीम चेंज नहीं है। लेकिन कार्रवाई के बाद तस्वीर साफ हो गई। डेमोक्रेटिक सांसदों ने आरोप लगाया कि स्टेट सेक्रेटरी मार्को रुबियो और रक्षा नेतृत्व ने सीनेट ब्रीफिंग में भ्रामक बयान दिए।

सीनेटर एंडी किम ने X पर लिखा कि “हमें साफ-साफ कहा गया था कि यह रेजीम चेंज नहीं है—अब सच्चाई सामने है।”

दबाव, चेतावनी और ‘अल्टीमेटम’

नवंबर में ट्रम्प-मादुरो फोन कॉल हुआ। ट्रम्प ने मादुरो से कहा कि सत्ता छोड़ना “उनके हित में” होगा—जिसे व्हाइट हाउस अधिकारी ने “लगभग अल्टीमेटम” बताया। दिसंबर की शुरुआत तक प्रशासन को लगा कि मादुरो के समर्थन में दरारें दिख रही हैं, लेकिन समय के साथ यह उम्मीद धूमिल पड़ गई। अंततः ऑपरेशन की योजना आगे बढ़ी।

पहली चोट: ड्रोन स्ट्राइक और संदेश

दिसंबर के अंत में CIA ने वेनेज़ुएला के तट पर एक ड्रोन स्ट्राइक की—लक्ष्य था कथित ड्रग नेटवर्क से जुड़ा एक रिमोट डॉक। कोई हताहत नहीं हुआ, लेकिन संदेश स्पष्ट था: अमेरिका तैयार है।

‘ऑपरेशन एब्सोल्यूट रिज़ॉल्व’: सैन्य परतें

जनरल केन के अनुसार, यह ऑपरेशन 150 से अधिक विमानों, बहु-एजेंसी इंटेलिजेंस और साइबर वॉरफेयर के समन्वय से अंजाम दिया गया।

  • 20 ठिकानों से विमान उड़े

  • एयर डिफेंस सिस्टम्स पर सटीक प्रहार

  • हेलिकॉप्टरों को कवर

  • साइबर टूल्स से रास्ता साफ

कराकस में मादुरो के परिसर पर पहुंचते ही फायरिंग हुई; एक हेलिकॉप्टर को नुकसान पहुँचा, पर वह उड़ान योग्य रहा। जवाबी कार्रवाई के बाद मादुरो और उनकी पत्नी ने आत्मसमर्पण किया।

हिरासत की यात्रा: कराकस से ग्वांतानामो, फिर न्यूयॉर्क

मादुरो को USS Iwo Jima पर ले जाया गया, फिर ग्वांतानामो बे में ट्रांज़िट के बाद न्यूयॉर्क के स्टुअर्ट एयर नेशनल गार्ड बेस पर उतारा गया। ट्रम्प ने ट्रुथ सोशल पर तस्वीर साझा की—ग्रे स्वेटपैंट, ब्लैकआउट गॉगल्स, हथकड़ी।

कराकस की सुबह: सन्नाटा, अनिश्चितता और भय

कराकस की सड़कों पर बारूद की गंध थी। दुकानें बंद, पेट्रोल पंप और फ़ार्मेसी सूने। लोग जरूरी सामान की तलाश में निकले, पर जवाब कम मिले।
उधर, उपराष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिगेज ने दो घंटे बाद कहा कि देश पर “बर्बर हमला” हुआ है।

ट्रम्प का एलान: “अमेरिका अब चलाएगा देश”

शनिवार को ट्रम्प ने कहा कि अमेरिका “अनिश्चित अवधि” तक वेनेज़ुएला को चलाएगा। उन्होंने “बूट्स ऑन द ग्राउंड” से इनकार नहीं किया और तेल भंडारों तक पहुंच पर जोर दिया।
यह बयान उस राजनीतिक आधार के लिए चौंकाने वाला था, जो दशकों के विदेशी हस्तक्षेप से खिन्न रहा है।

घरेलू राजनीति और जोखिम

वॉशिंगटन में, कांग्रेस स्टाफ़र्स और सहयोगियों ने दीर्घकालिक परिणामों पर चिंता जताई—राष्ट्रीय सुरक्षा, क्षेत्रीय अस्थिरता और घरेलू राजनीतिक कीमत। कम अनुमोदन रेटिंग वाले राष्ट्रपति के लिए यह बड़ा जुआ है।

‘स्पीड और वायलेंस’: ट्रम्प का नैरेटिव

ट्रम्प ने फ़ॉक्स न्यूज़ से कहा—“स्पीड, वायलेंस… यह अद्भुत था।”
पर आगे क्या? प्रशासन ने शासन की संरचना, समयसीमा और निकास रणनीति पर कम विवरण दिया।

https://x.com/Swisswelder/status/2007664759634612551?s=20

इतिहास की परछाइयाँ: इराक, लीबिया और सबक

अमेरिकी इतिहास में तानाशाहों को हटाने के प्रयासों का रिकॉर्ड मिला-जुला रहा है। इराक और लीबिया के उदाहरण चेतावनी देते हैं कि पोस्ट-कॉनफ़्लिक्ट प्लानिंग सबसे कठिन होती है। ट्रम्प का दावा है—“मेरे साथ जीत का परफेक्ट रिकॉर्ड है।” आलोचक असहमत हैं।

तेल, भू-राजनीति और लैटिन अमेरिका

वेनेज़ुएला के विशाल तेल भंडार वैश्विक ऊर्जा बाज़ार में संतुलन बदल सकते हैं। लेकिन क्षेत्रीय प्रतिक्रियाएँ—क्यूबा, रूस, चीन और पड़ोसी देशों का रुख—आने वाले महीनों में निर्णायक होगा।

https://tesariaankh.com/pakistan-us-lobbying-human-rights-security-crisis/

आगे क्या?

  • अस्थायी प्रशासन का स्वरूप?

  • सुरक्षा और मानवीय राहत?

  • चुनावों की समयरेखा?

  • अमेरिकी सैन्य उपस्थिति की सीमा?

इन सवालों के जवाब अभी धुंधले हैं। एक बात तय है—यह कार्रवाई केवल एक रात की कहानी नहीं, बल्कि एक लंबे अध्याय की शुरुआत है।

क्रेडिट: यह रिपोर्ट CNN की विस्तृत ग्राउंड रिपोर्टिंग और सूत्रों पर आधारित है।

Tesari Aankh
Author: Tesari Aankh

Leave a Comment

और पढ़ें
और पढ़ें